हेलीकॉप्टर क्रैश चमोली
हेलीकॉप्टर में क्रैश: दिल्ली के पायलट और कर्नाटक के यात्रियों का निधन।
देहरादून। आज उत्तराखंड में एक और हेलीकॉप्टर दुर्घटना हुई है। चमोली जिले में एक हेलीकॉप्टर, जो बदरीनाथ से यात्रियों को लेकर लौट रहा था, क्रैश हो गया। इस घटना में पायलट सहित छह व्यक्तियों ने अपनी जान गंवाई है। सभी यात्री कर्नाटक से थे। सीएम धामी ने इस दुर्घटना की जांच के आदेश दिए हैं और पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद प्रदान करने की बात कही है।

बदरीनाथ से यात्रियों को लाने के लिए उड़ान भर रहा था हेलीकॉप्टर: ज्ञात हो कि 30 अक्टूबर को ट्रांस भारत एवियेशन प्राइवेट लिमिटेड का हेलीकॉप्टर वीटी-एचसीएक्स ने बदरीनाथ धाम से दोपहर 1:14 बजे देहरादून के सहस्त्रधारा के लिए उड़ान भरी। उड़ान के दौरान जोशीमठ घाटी के ऊपर संपर्क टूट गया, जिससे प्रशासन में हड़कंप मच गया। हेलीकॉप्टर के दुर्घटनाग्रस्त होने की सूचना मिलते ही तुरंत रेस्क्यू कार्य शुरू किया गया।

चाई गांव के उपर ध्वस्त हुआ हेलीकॉप्टर: रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान ज्योतिर्मठ तहसील के पांडुकेश्वर के चाई गांव के उपर दुर्घटनाग्रस्त हेलीकॉप्टर की पहचान की गई। वहां हेलीकॉप्टर का मलबा बिखरा हुआ था और शव जले हुए अवस्था में पाए गए। इन शवों को रेस्क्यू की प्रक्रिया के तहत निकाला जा रहा है। इस हादसे में दिल्ली के पायलट हिमांशु सहित कर्नाटक के पांच यात्रियों की जान गई।

चमोली हेलीकॉप्टर दुर्घटना में मृतकों की जानकारी:
पायलट – कैप्टन हिमांशु सभरवाल (48 वर्ष), निवासी- दिल्ली
यात्री –
प्रताप (41 वर्ष), निवासी- कर्नाटक
अरुण सालुंके (44 वर्ष), निवासी- कर्नाटक (सीसीबी इंस्पेक्टर)
वीबी शंकर गौड़ा (39 वर्ष), निवासी- कर्नाटक
सुधीर के (50 वर्ष), निवासी- कर्नाटक
एचएस नटराजा (51 वर्ष), निवासी- कर्नाटक
चमोली हेलीकॉप्टर दुर्घटना की जांच के लिए दिए गए आदेश: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली हेलीकॉप्टर दुर्घटना में हुई जनहानि पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। उन्होंने शोक में डूबे परिवारों के प्रति अपनी सहानुभूति जाहिर की है। साथ ही उन्होंने संबंधित अधिकारियों को हादसे के कारणों की विस्तृत जाँच करने का निर्देश दिया है।
सीएम पुष्कर धामी ने कहा कि दुर्घटना के सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच होनी चाहिए। उन्होंने चमोली जिला प्रशासन को यह भी बताया कि प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान की जाए और तुरंत राहत व अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।

