बाबा रामदेव का सरकार पर हमला
स्वतंत्रता दिवस पर योगगुरु बाबा रामदेव ने देश भर में असामाजिक अशांति होने की बात कही है.
हरिद्वार। योगगुरु बाबा रामदेव ने जेन-ज़ी (Gen-Z) आंदोलन को लेकर एक बड़ा बयान दिया है. बाबा रामदेव ने खासकर सरकारी नौकरियों की भर्ती को लेकर सख्त टिपणी की करते हुए कहा कि देश में चारों तरफ हंगामा है. छोटे छोटे स्कूल कॉलेजों से बच्चे निकल रहे हैं. वहां टीचर, किताब, लाइट, पानी और शौचालय जैसी इत्यादि मूलभूत सुविधाओं की कमी है. जहां सब कुछ है, वहां पढ़ाई में नकल हो जाती है, पेपर लीक हो जाता है.
बाबा रामदेव ने आरोप लगाया कि खासकर सरकारी नौकरियों में इंटरव्यू के दौरान 90 से 99 प्रतिशत तक घोटाला होता है. अपने जाति, वर्ग, समुदाय और विचार के लोगों को नौकरी देते हैं और बाकियों को धक्का मार देते हैं. यह सब अपमानजनक और लोकतंत्र के खिलाफ है. एक तरफ हम सत्यमेव जयते की बात कर रहे हैं. दूसरी तरफ पहले से तय करके लाखों करोड़ों रुपए लेकर नौकरियां बांटी जा रहीं हैं. यदि देश में आंदोलन ही चलते रहे तो, यह देश कैसी चलेगा.

स्वामी रामदेव ने कहा कि दो टूक कहा कि अभी भी समय है, सुधर जाओ. नहीं तो देश में और भी ज्यादा आंदोलन हो सकते हैं. स्वामी रामदेव ने कहा वैसे तो आंदोलन के नाम पर वह अराजकता का समर्थन और उसे बर्दाश्त नहीं करते हैं. लेकिन यह भी सच है कि देश में घपला भी बहुत है. ये घपले ठीक कर लो, कहीं ऐसा न हो कि बाबा रामदेव को दोबारा आंदोलन करने पड़े. स्वामी रामदेव ने कहा कि आज देश में नफरत और घृणा का ऐसा माहौल बन गया है कि देश की संसद में पक्ष और विपक्ष पाकिस्तान और हिंदुस्तान की तरह एक दूसरे के खिलाफ खड़े हैं.
राजनीतिक और जातीय तौर पर नफरत करने वाले लोगों पर धिक्कार है. देश में ऐसा नहीं होना चाहिए. सत्ता पक्ष को विपक्ष से माता पिता के समान प्यार करना चाहिए. वहीं जेन जी प्रोटेस्ट में शामिल युवक युवतियों पर भी स्वामी रामदेव ने सवाल खड़े किये, उन्होंने युवक युवतियों पर भी तंज कसा. लेकिन आजादी के नाम पर ऐसा नहीं होना चाहिए. बता दें कि योगगुरु स्वामी रामदेव ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पतंजलि योगपीठ में ध्वजारोहण किया और देश को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दी. इस दौरान उनके साथ पतंजलि योगपीठ के महामंत्री आचार्य बालकृष्ण और कई साधक उपस्थित रहे. कई देशभक्ति और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए गए.